शिवेन्द्र राणा

लोकतान्त्रिक स्मृति में आपातकालीन इतिहास की युति-वियुति

समझि बुझि दृढ़ हो रहे बल तजि निर्बल होय। कहैं कबीर सो संत को पला न पकड़े कोय ॥’ अर्थात् सोच-विचार कर दृढ़ बना रहता»

मानसिक विकृतियों को प्रोत्साहित करता सिनेमा

धर्मों एवं पंथों की वैचारिकी का प्रादुर्भाव मानव सभ्यता की आध्यात्मिक व नैतिक उन्नति के सन्मार्ग निर्धारित करने के हुआ ल»

लोकतंत्र रक्षकों की ‘संविधान हत्या दिवस’ से वितृष्णा क्यों

लोकतान्त्रिक राष्ट्र की सम्पूर्ण जीवन-चर्या में संविधान आस्था का केन्द्र है. संविधान वो नियमावली है जिस पर राष्ट्र का सा»

वर्तमान हिंदी सिनेमा की दुर्गति एवं दक्षिण की सिनेमा इंडस्ट्री का बढ़ता दबदबा

कल्कि 2898 एडी की बड़ी सफलता कोई अपवाद नहीं है. पिछले एक दशक में दक्षिण के सिनेमा ने विकास और सफलता की एक लंबी उड़ान भरी ह»

सिनेमा : वामपंथी षड़यंत्र एवं राष्ट्रीय प्रतिरोध का संघर्ष

जुलाई 1896 में ज़ब लुमियरे बन्धुओं ने पहली बार भारत में सिनेमा का प्रदर्शन किया तब यह कला से अधिक कौतुहल का विषय था. भावन»